नई दिल्ली
कल यानी 23 अक्टूबर को भाई दूज का पर्व मनाया जाएगा। इस दिन बहने अपने भाई का तिलक कर उनकी लंबी उम्र और तरक्की की कामना करती हैं। बदले में भाई भी अपनी बहन को गिफ्ट देते हैं। बता दें कि शुभ मुहूर्त पर ही बहनों को भाइयों का तिलक करना चाहिए। आइए जानते हैं इस बारे में-
23 अक्टूबर को भाई दूज के दिन ब्रह्म मुहूर्त सुबह 04:45 से सुबह के 05:36 तक है, जो स्नान के लिए उत्तम समय माना जाता है। उस दिन का शुभ समय यानी अभिजीत मुहूर्त दोपहर में 11:43 से दोपहर 12:28 तक है। अमृत काल शाम में 06:57 से रात 08:45 तक रहेगा। शास्त्रों के अनुसार, भाई को तिलक लगाते समय उत्तर या पूर्व दिशा की ओर मुख करके बैठना चाहिए। इस दिशा में तिलक करने से भाई के करियर और आर्थिक जीवन में स्थिरता आती है।
भाई दूज पर बहनें सुबह स्नान कर व्रत का संकल्प लें। फिर एक थाली तैयार करें और इस थाली में गोला, कलावा, रोली, अक्षत, दीया और मिठाई रखें। थाली की सबसे पहले पूजा करें, फिर शुभ मुहूर्त में इस थाली में रखी रोली को भाई के माथे पर लगाएं। इसके बाद हाथ में कलावा बांधें। फिर दीपक से आरती उतारें और भाई का मुंह मीठा करें। अंत में, बहन-भाई एक साथ भोजन करें।

More Stories
हिंदू नववर्ष 2026: कौन सा संवत होगा शुरू और आपके जीवन पर क्या पड़ेगा असर?
पंचक-खरमास के बीच होगी नवरात्रि कलश स्थापना, जानें कितना मिलेगा शुभ मुहूर्त
Chaitra Navratri 2026: चैत्र नवरात्र में मां दुर्गा की चौकी किस दिशा में रखें? जानें सही वास्तु नियम